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Monday, 12 July 2021

ये 5 गलत आदतें ले जा रही आपको बाँझपन की ओर

18 से 30 की उम्र की लड़कियों में एनर्जी की मात्रा बहुत अधिक होती है। ये उम्र ज्यादातर लोगों के कॉलेज या नौकरी की शुरुआत की उम्र होती है, इसलिए इस उम्र में लोग दोस्ती और मस्ती खूब करते हैं। कई लड़कियों की तो 25 से 30 की उम्र के बीच शादी भी हो जाती है। हालांकि आजकल की लाइफस्टाइल के चलते इस उम्र में ही लड़कियों को कई तरह की स्वास्थ्य समस्याओं का सामना करना पड़ता है। यू एस के मायो क्लिनिक की रिसर्च के मुताबिक यंग लड़कियों में इन दिनों इन्फर्टिलिटी यानी बच्चा न होने की समस्या तेजी से बढ़ी है।

18 से 30 साल की उम्र आपकी सेहत और फर्टिलिटी के लिहाज से बहुत सेंसिटिव होती है। इस उम्र में आपके द्वारा की गई छोटी से छोटी गलती भविष्य में कई गंभीर समस्याएं पैदा कर सकती हैं। इन समस्याओं में हार्ट अटैक, डायबिटीज, हाई ब्लड प्रेशर और इन्फर्टिलिटी की समस्या सबसे अधिक है । ज्यादातर लड़कियों में इन्फर्टिलिटी का कारण उनकी कुछ गलत आदतें होती हैं, जिस पर वह युवावस्था में ध्यान नहीं देती है । वैसे तो इनफर्टिलिटी के कई कारण है जैसे फॉलोपियन ट्यूब ब्लॉक होना, एग रिजर्व कम होना, अनियमित माहवारी, पीसीओएस, लम्बे समय तक चली दवाओं के

Tuesday, 13 April 2021

मेल इनफर्टिलिटी के लिए ये जांच है जरूरी

हर कोई अपने वंश को आगे बढ़ाने के लिए एक संतान चाहता है। मगर कई बार महिला या पुरुष को शारीरिक-मानसिक समस्याओं के कारण बच्चा होने में परेशानी आती है। बहुत सारे लोग आज भी यही समझते हैं कि इन्फर्टिली यानी बांझपन सिर्फ महिलाओं की शारीरिक कमियों के कारण होता है, जबकि ऐसा नहीं है। पुरुषों में भी बांझपन होता है, जिसके कारण उन्हें पिता बनने में परेशानी आती है। इसे पुरुष बांझपन अर्थार्थ मेल इनफर्टिलिटी कहते हैं। दुनिया में जिन भी कपल्स को बच्चा होने में परेशानी आती है, उनमें से 40 से 50 प्रतिशत मामलों में पुरुष की कमी जिम्मेदार होती है। आपको जानकर हैरानी होगी कि दुनिया के सभी पुरुषों में से लगभग 7 प्रतिशत  पुरुष वयस्क बनने तक पिता बनने की क्षमता खो देते हैं।

पुरूषों में 35 वर्ष के बाद प्रजनन क्षमता कम होने लगती है। पुरुषों में इन्फर्टिलिटी की मुख्य वजहें हैं- शुक्राणुओं की कमी जिससे लौ स्पर्म काउंट भी कहते है, शुक्राणुओं का ठीक से फंक्शन न करना , कोई बीमारी, कोई चोट, सेहत से जुड़ी कोई समस्या, गलत लाइफस्टाइल आदि। कई बार हमने कामकाजी पुरषो को देखा है जो ज्यादातर कंप्यूटर और लैपटॉप पर काम करते हैं, जंक फूड का सेवन ज्यादा करते है जैसे